मायावती से कटुता और मुलायम-अखिलेश को लेकर राजा भैया ने दिया बड़ा बयान

Raja Bhaiya Exclusive on ABP News: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव के तीसरे चरण की वोटिंग 20 फरवरी को होगी. इससे पहले कुंडा की राजनीति के सबसे बड़े चेहरे राजा भैया उर्फ रघुराज प्रताप सिंह ने एबीपी न्यूज़ से खास बातचीत में सूबे के तमाम मुद्दों को लेकर अपनी बात रखी है. राजा भैया ने पिछले तीन दशकों में कई भूमिकाएं निभाई हैं. उन्होंने कई बार सरकार बनाई है तो कभी सरकार गिराने में भी बड़ी भूमिका निभाई है. पढ़ें राजा भैया के इंटरव्यू की बड़ी बातें.

मेरे लिए मंत्री पद महत्वपूर्ण नहीं- राजा भैया

आने वाली सरकार में भूमिका निभाने के सवाल पर राजा भैया ने कहा, ”अभी यह नहीं कहा जा सकता कि मैं सरकार का हिस्सा बनूंगा या नहीं, क्योंकि चुनाव पूर्व गठबंधन अभी तक नहीं हुआ है. जन सत्ता दल बिना किसी अन्य दल की मदद के अपने दम पर चुनाव लड़ रहा है. हम उम्मीद कर रहे हैं कि हमारी मेहनत रंग लाएगी. प्रतापगढ़ के निर्वाचन क्षेत्रों कुंडा और बाबागंज को छोड़कर भी कई अन्य सीटें हैं जहां हम जीतेंगे.” उन्होंने कहा, ”मेरे लिए मंत्री पद महत्वपूर्ण नहीं हैं. सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि हमें मतदाताओं का विश्वास मिलता है.”

पार्टी बनाने के सवाल पर राजा भैया ने कहा, ”25 साल तक स्वतंत्र रूप से जीतने के बाद पहले क्या किया जाना चाहिए, इस पर विचार-विमर्श किया गया. स्वतंत्र रूप से 25 साल हो गए हैं तो क्या मुझे स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ना चाहिए या मुझे किसी पार्टी में शामिल होना चाहिए या अपनी खुद की पार्टी बना लेनी चाहिए? तो ज्यादातर लोगों ने कहा कि अपनी पार्टी बनानी चाहिए.”

मायावती से कटुता के सवाल पर क्या बोले राजा भैया

मायावती से कटुता के सवाल पर राजा भैया ने कहा, ”वह एक पुरानी बात है. उस समय मायावती जी की सरकार बहुमत में नहीं थी. इसलिए हम चाहते थे कि वह इसके लिए प्रयास करें. बहुमत का फैसला विधानसभा के अंदर ही हो सकता है, यह हम सभी जानते हैं. हमने यही मांगा है, लेकिन बहुमत न होने के कारण मामला ऊंचाई पर पहुंचता रहा और उसके बाद जो हुआ वह सब जानते हैं.”

कंकाल मिलने के सवाल पर राजा भैया ने कहा, ”यहां कोई कंकाल नहीं मिला है. जब पानी कम होगा और तब तुम गंगा के घाटों पर जाओगे तो तुम्हें अस्थियां मिलेंगी और उस दौरान मायावती के जमाने में जो भी कहानी बनाना चाहता था, बना लेता था.” उन्होंने कहा, ”यहां कोई भी गायब नहीं हुआ है. डीएसपी की हत्या बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना थी, जो पूरे गांव के सामने घटी. वो मॉब लिंचिंग का मामला था और जो लोग इसमें थे वो आज जेल में हैं.”

मोदी सरकार और बाकी सरकार में क्या अंतर देखते हैं? इस सवाल के जवाब में राजा भैया ने कहा, ”हर सरकार अपनी उपलब्धियां गिनाती है. ना इतने अच्छे काम किसी सरकार ने किए होते हैं, ना इतने बुरे काम किसी ने किए होते हैं, जितना एक दूसरे को बताते हैं. सड़क, बिजली, पानी, स्वास्थ, शिक्षा ये सब अनिवार्य चीज़ें हैं. इनही के इर्द-गिर्ध हमारा पूरा विकास का ढांचा घूमता है. विधायक ऐसा हो जो जनता की परेशानियों को दूर करने में मदद करे.” उन्होंने कहा, ”सरकार कोई भी हो, लेकिन आपने इलाके का विधायक कैसा है ये महत्वपूर्ण है.”

मुलायम या अखिलेश, किसी सरकार बेहतर थी?

मुलायम सिंह यादव या अखिलेश यादव, किसकी सरकार बेहतर काम कर रही थी? इस सवाल के जवाब में राजा भैया ने कहा, ”अगर दोनों की तुलना की जाए तो नेताजी को ज़्यादा अंक मिलेंगे और पार्टी के बाहर भी उनका जो सम्मान है, इस मामले में भी नेताजी का कोई जोड़ नहीं है.” अपनी पार्टी के मुद्दों पर राजा भैया ने कहा, ”हमारे जनसेवा संकल्पपत्र में किसानों की, मज़दूरों की और छात्रों की. सबकी बातें कही गयी हैं और व्यक्तिगत स्तर पर लोगों की समस्याओं को हल करने का प्रयास किया जाएगा.” उन्होंने कहा, ”जनप्रगति को सदैव जनसुलभ होना चाहिए. विकास ना करने पे लोग हार सकते हैं, लेकिन विकास करने पे जीत जाएं, इस बात की गारंटी नहीं है.”

यह भी पढ़ें-

Punjab Election: आतंकी हूं तो गिरफ्तार क्यों नहीं किया- PM Modi और Rahul Gandhi पर Kejriwal का पलटवार

UP Election 2022: स्वतंत्र देव सिंह ने किया इतनी सीटें जीतने का दावा, कहा- आज गुंडे बाहर निकलने से डरते हैं

Source link ABP Hindi